संविधान बचाओ–देश बचाओ महारैली 6 दिसंबर को इंदरगढ़ में: चंद्रशेखर आज़ाद होंगे मुख्य अतिथि
संविधान बचाओ–देश बचाओ महारैली 6 दिसंबर को इंदरगढ़ में: चंद्रशेखर आज़ाद होंगे मुख्य अतिथि
संतोष योगी की खबर 99932 68143
भोपाल। आजाद समाज पार्टी (भीम आर्मी) 6 दिसंबर को दतिया जिले के इंदरगढ़ में “संविधान बचाओ–देश बचाओ” महारैली का आयोजन कर रही है। रैली में पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष चंद्रशेखर आज़ाद मुख्य अतिथि के रूप में शामिल होंगे। पार्टी का कहना है कि यह रैली हाल के समय में बढ़ती गैर-संवैधानिक गतिविधियों और जातिगत घटनाओं के खिलाफ संगठित आवाज बुलंद करने के उद्देश्य से की जा रही है।
रैली की जानकारी देते हुए डीपीएसएस प्रमुख एवं एएसपी–भीम आर्मी के वरिष्ठ नेता दामोदर यादव ने भोपाल में आयोजित प्रेस वार्ता में कहा कि मध्य प्रदेश पिछले कुछ वर्षों से “आडंबर, पाखंड और अंधविश्वास फैलाने वाले कथित संतों का केंद्र” बनता जा रहा है। उन्होंने आरोप लगाया कि धीरेंद्र शास्त्री और प्रदीप मिश्रा जैसे लोग संविधान के बजाय ‘मनुवाद’ को बढ़ावा देने की कोशिश कर रहे हैं, जिसके जवाब में यह राष्ट्रीय आंदोलन शुरू किया जा रहा है।
यादव ने कहा कि दतिया का इंदरगढ़ वही स्थान है जहाँ हाल ही में धीरेंद्र शास्त्री और दामोदर यादव के समर्थकों के बीच पुतला दहन के दौरान विवाद और हिंसक झड़प हुई थी। उन्होंने बताया कि इसी घटनाक्रम के विरोध और संविधान की रक्षा के संदेश के साथ यह महारैली आयोजित होगी।
उन्होंने कहा कि 6 दिसंबर को बाबा साहेब डॉ. भीमराव अंबेडकर के परिनिर्वाण दिवस पर ग्वालियर–चंबल अंचल की “क्रांतिकारी भूमि” से बड़े आंदोलन की शुरुआत होगी। इस रैली में ओबीसी आरक्षण पर लगे 13 प्रतिशत होल्ड हटाने, प्रमोशन में आरक्षण लागू करने और धीरेंद्र शास्त्री व प्रदीप मिश्रा की कथाओं पर प्रतिबंध लगाने जैसे मुद्दों को जोरदार तरीके से उठाया जाएगा।
आईएएस संतोष वर्मा के विवादित बयान पर प्रतिक्रिया देते हुए यादव ने कहा कि प्रेम विवाह निजी विषय है और किसी भी जाति या धर्म की बेटी का सम्मान करना समाज की जिम्मेदारी है। उन्होंने कहा कि संतोष वर्मा ने क्षमा मांग ली है, इसलिए मामले को आगे बढ़ाने के बजाय वर्ग संघर्ष से बचना चाहिए।
कांग्रेस पर हमला बोलते हुए यादव ने कहा कि संविधान की प्रति दिखाकर सामाजिक न्याय की बात करने वाली कांग्रेस तब मौन रही जब ग्वालियर में बाबा साहेब की प्रतिमा के मुद्दे पर तनाव बढ़ा और धीरेंद्र शास्त्री पूरे देश में “गैर-संवैधानिक यात्राएँ” करते रहे। उन्होंने आरोप लगाया कि ओबीसी आरक्षण और सिविल जज भर्ती जैसे मुद्दों पर कांग्रेस की चुप्पी यह सिद्ध करती है कि वह आरक्षण विरोधी है और “भाजपा की बी–टीम” की तरह काम कर रही है। इस अवसर पर अमर सिंह ,कमल सिंह कुशवाहा , अमोल रावत, अमित बांसोड़, राजकुमार प्रजापति, आदि
