योजनाओं को विफल व मनमानी करने वालों पर कार्यवाही की मांग को लेकर नगर निगम आयुक्त संस्कृति जैन को बालिस्ता रावत ने सौंपा ज्ञापन ।

संतोष योगी की खबर 99932 68143

     बेटी पढ़ाओ, बेटी बढ़ाओ व अनुसूचित जाति, जनजाति, पिछड़ा वर्ग की योजनाओं को विफल व लाभ से वंचित करने वालों पर कार्यवाही की मांग ।

       भारतीय जनता पार्टी अनुसूचित जनजाति मोर्चा के पूर्व प्रदेश कार्यसमिति सदस्य, पूर्व भोपाल जिला प्रभारी एवं बजरंग हम्माल श्रमिक संघ के प्रदेश अध्यक्ष बालिस्ता रावत के नेतृत्व में भोजपुरी भाषा विकास मंच के प्रदेश प्रवक्ता छोटेलाल गिरी, भाजपा किसान मोर्चा मंडल उपाध्यक्ष कैलाश सोनी, वरिष्ठ समाजसेवी रामस्वरूप राजपूत ने बेटी पढ़ाओ, बेटी बढ़ाओ व अनुसूचित जाति, जनजाति, पिछड़ा वर्ग की योजनाओं को विफल व लाभ से वंचित करने वालों पर कार्यवाही करने की मांग को लेकर नगर निगम आयुक्त संस्कृति जैन को सौपा ज्ञापन ।

      बालिस्ता रावत ने बताया कि नया समग्र आईडी बनवाने व समग्र आईडी में नाम जुड़वाने वालों के प्रत्येक समग्र आईडी में सामान्य जाति श्रेणी का उल्लेख कर योजना के लाभ से वंचित करने का कार्य किया जा रहा है । नगर निगम भोपाल के वार्ड 76 में परिवार का पूर्व से समग्र आईडी बना हुआ है, समग्र आईडी में पांच सदस्य का नाम अनुसूचित जाति श्रेणी में उल्लेख है, छठवें सदस्य का सामान्य जाति श्रेणी का उल्लेख कर दिया गया है, सही कराने जाने पर जाति प्रमाण पत्र का होना अनिवार्य बताया जा रहा है, परिवार के दादाजी व पिताजी का जाति प्रमाण पत्र को मान्य नहीं किया जा रहा है, एक वर्ष के बच्चे का भी जाति प्रमाण पत्र होना अनिवार्य बताया जा रहा है ।

      वार्ड 37 में भी परिवार का समग्र आईडी बना हुआ है, परिवार के पांच सदस्य पिछड़ा वर्ग श्रेणी में उल्लेख है, छठवें व्यक्ति को सामान्य जाति श्रेणी का कर दिया गया है, जाति प्रमाण पत्र देने के बाद भी सुधार नहीं हो पा रहा है जिसके कारण बिटिया का कॉलेज में दाखिला नहीं हो पाया है ।

      नगर निगम के वार्ड प्रभारी व कर्मचारियों का कहना है कि यही नियम भोपाल के 85 वार्ड में लागू है ।

        रावत ने बताया कि मध्यप्रदेश में अधिक संख्या अन्य राज्यों के नागरिक 2-3 पीढ़ी से निवासरत है, उनकी जाति प्रमाण पत्र भी अन्य राज्यों की है जिसे मान्य नहीं किया जा रहा है, इससे यह प्रतीत होता है कि अनुसूचित जाति, जनजाति व पिछड़ा वर्ग के नागरिकों को जबरन व मनमानी करते हुये सामान्य जाति बताकर / बनाकर उनको अपने अधिकारों व लाभ से वंचित किया जा रहा है ।

     नगर निगम आयुक्त संस्कृति जैन ने ज्ञापन प्राप्त कर स्वीकार किया कि, नया समग्र आईडी में जाति प्रमाण पत्र देने पर ही, जाति प्रमाण पत्र के अनुसार जाति की श्रेणी का उल्लेख किया जायेगा अन्यथा सामान्य जाति की श्रेणी का उल्लेख किया जायेगा, जिस परिवार के पूर्व से समग्र आईडी बनी हुई है उनके परिवार के अन्य सदस्यों को भी उसी श्रेणी में किया जायेगा, शाफ़्ट वेयर की गलती के कारण दिक्कत हो रही है, जल्दी उसमें सुधार कराया जायेगा, समग्र आईडी में पिछ्ड़ा वर्ग के स्थान पर सामान्य जाति श्रेणी का उल्लेख होने के कारण व जाति प्रमाण पत्र देने के बाद भी सुधार न करने के कारण बिटिया का कॉलेज में दाखिला न होने पर आश्चर्यचकित जाहिर करते हुये संबंधित अधिकारीयों से बात कर उचित कार्यवाही करने के आदेश दिया ।