निषाद जयंती पर मंडला में माझी समाज की रैली, सरकार पर लगाए गंभीर आरोप
निषाद जयंती पर मंडला में माझी समाज की रैली, सरकार पर लगाए गंभीर आरोप
संतोष योगी की खबर 999 3268 143
मंडला/मंडला में निषाद जयंती के अवसर पर हजारों लोगों की उपस्थिति में माझी समाज द्वारा विशाल रैली का आयोजन किया गया। इस दौरान मध्य प्रदेश माझी जनजाति संयुक्त संघर्ष समिति के प्रांतीय संयोजक टीकाराम रैकवार ने समाज को शुभकामनाएं देते हुए सरकार पर उपेक्षा और अत्याचार के आरोप लगाए।
टीकाराम रैकवार ने बताया कि 8 अप्रैल 2023 को तत्कालीन मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान के निवास पर केंद्रीय मंत्री फग्गन सिंह कुलस्ते और वर्तमान मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव की उपस्थिति में माझी समाज के प्रतिनिधिमंडल के साथ बैठक हुई थी। बैठक में समाज की चार प्रमुख मांगों पर चर्चा हुई थी, जिसमें पिछड़ा वर्ग सूची से “कम 12” में दर्ज उपनामों को हटाने का आश्वासन दिया गया था, लेकिन अब तक इस पर कोई कार्रवाई नहीं हुई।
उन्होंने आरोप लगाया कि वर्तमान सरकार के कार्यकाल में माझी समाज के साथ अन्याय बढ़ा है। उज्जैन में आयोजित निषाद महासम्मेलन में समाज की अनदेखी की गई, वहीं सरकारी योजनाओं का लाभ अन्य वर्गों को दिया गया।
रैकवार ने 2 मार्च 2026 को बड़वानी में हुई कैबिनेट बैठक का जिक्र करते हुए कहा कि तालाबों की खुली नीलामी का निर्णय माझी समाज के हितों के खिलाफ है। उन्होंने कहा कि पारंपरिक मछुआरे इसी पर निर्भर हैं और इस फैसले से उनका रोजगार प्रभावित होगा।
उन्होंने मांग की कि:
एसटीएफ द्वारा जाति प्रमाण पत्र की जांच की कार्रवाई तत्काल रोकी जाए
मछुआ नीति 2008 में बिना प्रक्रिया के कोई संशोधन न किया जाए
2023 में किए गए वादे के अनुसार पिछड़ा वर्ग सूची से “कम 12” के उपनाम हटाए जाएं
रैली में जिला अध्यक्ष श्रीलाल नंदा, अशोक नाविक, पुहूप सिंह, भारत गुड्डू सिंधिया, सुखचैन माझी सहित बड़ी संख्या में समाज के लोग उपस्थित रहे।
