निजी अस्पतालों के मुद्दों पर UPHDA की अहम बैठक, समाधान की दिशा में कदम
निजी अस्पतालों के मुद्दों पर UPHDA की अहम बैठक, समाधान की दिशा में कदम
भोपाल, मध्यप्रदेश अस्पताल संघ (UPHDA) ने भोपाल में एक महत्वपूर्ण बैठक का आयोजन किया, जिसमें प्रदेश भर के निजी अस्पताल संचालकों और प्रतिनिधियों ने हिस्सा लिया। बैठक का मुख्य उद्देश्य निजी स्वास्थ्य संस्थानों के सामने आने वाली प्रशासनिक और व्यवस्थागत चुनौतियों पर चर्चा कर उनके समाधान के लिए रणनीति तैयार करना था।बैठक में कई महत्वपूर्ण मुद्दों पर गहन विचार-विमर्श हुआ। इनमें सीएमएचओ कार्यालय से लाइसेंस नवीनीकरण में हो रही देरी, फायर एनओसी प्राप्त करने की जटिल प्रक्रिया, पंजीकृत किरायानामे से संबंधित दस्तावेजी अड़चनें, और आयुष्मान भारत योजना के तहत पैकेज स्वीकृति, क्लिनिकल कोड विस्तार और भुगतान प्रक्रिया में सुधार जैसे विषय शामिल रहे।UPHDA के अध्यक्ष डॉ. विशाल बघेल ने कहा,
“निजी अस्पताल प्रदेश की स्वास्थ्य सेवाओं की रीढ़ हैं। हमारा लक्ष्य है कि सभी प्रक्रियाएं सरल और पारदर्शी हों, जिससे मरीजों को निर्बाध रूप से बेहतर उपचार मिल सके। हम शासन के साथ सकारात्मक संवाद के जरिए समस्याओं का समाधान करने के लिए प्रतिबद्ध हैं।”संघ के सलाहकार अध्यक्ष डॉ. ज़ीशान अहमद ने जोड़ा,
“स्वास्थ्य सेवा एक साझा जिम्मेदारी है। निजी अस्पताल नियमों का पालन करने को तैयार हैं, लेकिन इसके लिए प्रशासनिक प्रक्रियाओं को सरल और सहयोगात्मक बनाने की जरूरत है। हम एक बेहतर कार्य वातावरण के लिए प्रयासरत हैं।”बैठक में निर्णय लिया गया कि UPHDA जल्द ही एक प्रतिनिधिमंडल गठित करेगा, जो स्वास्थ्य विभाग के वरिष्ठ अधिकारियों से मुलाकात कर इन मुद्दों पर एक विस्तृत ज्ञापन प्रस्तुत करेगा। साथ ही, समाधान के लिए ठोस कदम उठाए जाएंगे।सकारात्मक और सहयोगी माहौल में संपन्न हुई इस बैठक में भविष्य में नीति-निर्माण में निजी अस्पतालों की सक्रिय भागीदारी सुनिश्चित करने पर भी जोर दिया गया।
