साकेत नगर जैन समाज का जागा सौभाग्य 

 

105 आर्यिका श्री विज्ञा श्री माताजी ससंघ का हुआ मंगल प्रवेश

सौरभ नाथ की खबर 9039502565

परम पूज्य समाधिस्थ गणाचार्य श्री 108 विरगसागर जी महाराज की शिष्या एवं परम पूज्य चर्या शिरोमणि पट्टाचार्य श्री 108 विशुद्ध सागर जी महाराज की आज्ञानुवर्ती, परम विदुषी, पूज्य आर्यिका श्री विज्ञा श्री माताजी ससंघ (5 पिच्छी) का मंगल प्रवेश श्री 1008 भगवान महावीर दिगंबर जैन मंदिर साकेत नगर में हुआ। हेमलता जैन रचना ने बताया कि माता जी के विहार हेतु साकेत नगर जैन समाज ने परिवारजनों सहित सम्मिलित होकर पुण्यलाभ लिया। 

 

मंदिर जी के अध्यक्ष नरेंद्र टोंग्या जी ने जानकारी देते हुए कहा कि साकेत नगर मंदिर जी के मूल नायक श्री 1008 भगवान महावीर स्वामी के नित्य-नियम, पूजन-अर्चन के साथ ही माताजी के मंगल प्रवचनों का श्रद्धालु जनों द्वारा श्रवण के पश्चात आर्यिका संघ की आहार चर्या साकेतनगर जैन मंदिर में ही संपन्न हो रही है। शाम को माता जी के सानिध्य में शंका समाधान कार्यक्रम संपन्न हुआ जिसमें धर्म प्रेमी जनों ने अपनी शंकाओं का समाधान आर्यिका श्री विज्ञान मति माताजी से प्राप्त कर अपनी जिज्ञासाओं को शांत किया। चातुर्मास प्रारंभ होने के पूर्व जैन साधु-साध्वियों का शहर के प्रमुख जैन मंदिरों में दर्शनों तथा धर्म प्रभावना हेतु प्रवास चल रहा है इसी तारतम्य में आर्यिका संघ की भव्य आगवानी साकेत नगर जैन मंदिर में हुई। ज्ञातव्य है कि पूज्य आर्यिका श्री ससंघ का पावन वर्षायोग दानिशकुंज जैन मंदिर में होना सुनिश्चित हुआ है।